अब सुरक्षित होंगी आशा व संगिनी, विभाग कराएगा बीमा

बुलन्दशहर : समुदाय में स्वास्थ्य सुविधाओं को लोगों तक पहुँचाने वाली समस्त ग्रामीण एवं शहरी आशा कार्यकर्ताओं व आशा संगिनी को केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना तथा प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत दुर्घटना बीमा का लाभ दिये जाने का आदेश दिया है राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन-उत्तर प्रदेश के निदेशक पंकज कुमार ने प्रदेश के समस्त मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को जारी किए गए पत्र में दोनों प्रकार की बीमा योजनाओं के बारे में दिशा-निर्देश दिये हैं। प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के तहत 18 से 50 वर्ष तक के लोगों एवं प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत 18 से 70 वर्ष तक के लोगों को शामिल किया जाता है। प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के अन्तर्गत प्रति सदस्य 330 रुपए तथा प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में प्रति सदस्य 12 रुपए की दर से बीमा कराने के लिए आवश्यक प्रीमियम की धनराशि दी गई है जिला कार्यक्रम प्रबंधक हरिप्रसाद ने बताया 18 से 50 वर्ष की उम्र तक की सभी आशा कार्यकर्ता प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना से लाभान्वित होंगी। कार्य करने के दौरान यदि किसी कारणवश किसी भी आशा की मौत हो जाने पर नामिनी को जीवन बीमा के दो लाख रुपए मिलेंगे इसके लिए प्रति वर्ष 330 रुपये प्रीमियम की धनराशि संबंधित बैंक द्वारा आशा और आशा संगिनी के खाते से डेबिट कर ली जाएगी। इसके साथ ही प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत 18 से 70 वर्ष तक की आशा कार्यकर्ताओं के लिए प्रीमियम की धनराशि 12 रुपऐ प्रतिवर्ष बैंक द्वारा आशा और आशा संगिनी के खाते से डेबिट कर ली जाएगी। उन्होंने बताया जनपद में 2374 आशा कार्यकर्ता है और 115 आशा संगिनी हैं। एसीएमओ डॉ॰ रोहताश यादव ने बताया- इन बीमा योजनाओं के लिए जिस बैंक में वर्तमान में आशा का खाता है, उसी बैंक से बीमा हेतु फॉर्म प्राप्त करके आशा एवं संगिनियों को फॉर्म भरकर वहीं जमा कराना होगा। बीमा के लिए पंजीयन एवं बीमा दावे से संबन्धित कार्यवाही उनके संबन्धित बैंक के स्तर से फॉर्म भरवा कर पूरी की जाएगी। पंजीयन के बाद  बीमा की एनरोलमेंट संख्या एवं बीमा हेतु जमा धनराशि की प्रतिलिपि प्रतिपूर्ति भुगतान के लिए आशा संबन्धित सीएचसी व अर्बन पीएचसी में प्रस्तुत करेंगी। आशा कार्यकर्ता को बीमा हेतु जमा धनराशि के विवरण की बैंक पर्ची सीएचसी प्रभारी कार्यालय में जमा करनी होगी, जिसके उपरांत खाते में सम्बन्धित बीमा योजना की प्रतिपूर्ति धनराशि का भुगतान कर दिया जाएगा।